MP Board Class 6th Hindi Sugam Bharti Solutions Chapter 20 कित्तूर की रानी चेन्नम्मा

MP Board Class 6th Hindi Sugam Bharti Solutions Chapter 20 कित्तूर की रानी चेन्नम्मा

MP Board Class 6th Hindi Sugam Bharti Chapter 20 प्रश्न अभ्यास

वस्तुनिष्ठ प्रश्न

प्रश्न 1.
(क) सही जोड़ी बनाइए
1. सेना – (क) माता
2. तोप – (ख) जल
3. भारत – (ग) नायक
4. सरोवर – (घ) बारूद
उत्तर-
1. (ग),
2. (घ),
3. (क),
4. (ख)

MP Board Solutions

प्रश्न (ख)
दिए गए शब्दों में से उपयुक्त शब्द चुन कर रिक्त स्थानों की पूर्ति कीजिए

1. शत्रु ……………………….. दिखाकर भाग गया। (पीठ/पेट)
2. ऐसी ……………………….. हमने बहुत सुनी है। (गीदड़ भभकियाँ सिंह की दहाड़ें)
3. अंग्रेजों को चुनौती देना ……………………….. हाथ डालना है। (साँप की बांबी में/चूहे के बिल में)
4. लालच में आदमी कितना अंधा और नीच बन जाता है, तुम इसके ……………………….. उदाहरण हो। (जीते-जागते/मृतप्रायः)
उत्तर-
1. पीठ,
2. गीदड़ भभकियाँ,
3. सांप की बांबी में,
4. जीते-जागते।

MP Board Class 6th Hindi Sugam Bharti Chapter 20 अति लघु उत्तरीय प्रश्न

प्रश्न 2.
निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर एक-एक वाक्य में दीजिए
(क) ‘कंपनी सरकार की भी तो जय कहिए।’ यह किसने किससे कहा?
उत्तर-
यह रानी चेन्नम्मा ने मल्लप्पा से कहा।

(ख) लालच आने पर आदमी में क्या परिवर्तन हो जाते हैं?
उत्तर-
लालच आदमी को अंधा बना देता है।

(ग) समय आने पर नारी क्या कर सकती है?
उत्तर-
समय आने पर नारी प्रलय ला सकती है।

(घ) नारी की शक्ति के बारे में चेन्नम्मा ने मल्लप्पा से क्या कहा?
उत्तर-
चेन्नम्मा ने पल्लप्पा से कहा कि समय आने पर नारी प्रलय भी ला सकती है।

(ङ) दास बनकर जीवन बिताने से किस प्रकार का जीवन जीना अच्छा है?
उत्तर-
दास बनकर जीवन बिताने से लड़कर मर जाना कहीं अच्छा है।

MP Board Solutions

MP Board Class 6th Hindi Sugam Bharti Chapter 20 लघु उत्तरीय प्रश्न

प्रश्न 3.
निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर तीन-से-पाँच वाक्यों में दीजिए

(क) चेन्नम्मा ने सरकार के फरमान का उत्तर किन शब्दों में दिया?
उत्तर-
चेन्नम्मा ने सरकार के भेजे हुए फरमान के टुकड़े-टुकड़े कर दिया और कहा कि अंग्रेज यदि समझते हैं कि एक असहाय नारी को डरा धमकाकर उसका राज्य छीन लेंगे, तो यह उनकी भूल है। नारी को दुर्बल समझने वाले नहीं जानते कि समय आने पर वो प्रलय भी ला सकती हैं।

(ख) यदि मल्लप्पा जैसे भेड़िए शत्रु से मिल जाएँ तो क्या होगा?
उत्तर-
यदि मल्लप्पा जैसे भेड़िए शत्रु से मिल जाएँ तो बड़े-से-बड़ा शक्तिशाली साम्राज्य भी मिट्टी में मिल जाएगा। अभेद्य दुर्ग भी ढह जाएँगे तथा वीर एवं बहादुर योद्धा भी परास्त हो जाएँगे।

(ग) अंग्रेजों को चुनौती देना साँप की बांबी में हाथ डालना है।’ का आशय स्पष्ट करें।
उत्तर-
अंग्रेज अत्यंत शक्तिशाली थे और उनकी क्षमता अपार थी। उन्हें हरा पाना कित्तूर जैसे छोटे राज्य के लिए संभव नहीं था। उन्हें युद्ध के लिए आमंत्रित करना अपने अस्तित्व के लिए खतरा मोल लेना था।

(घ) मल्लप्पा का अंत किस प्रकार हुआ?
उत्तर-
रानी चेन्नम्मा के गिरफ्तार होने के बाद मल्लप्पा उनके सामने यह आशा व्यक्त करता है कि संभवतः अंग्रेज सरकार उसे ही कित्तूर की गद्दी सौंप देगी। यह सुनकर रानी क्रोधित हो जाती हैं और फुर्ती से कटार निकाल कर उसके सीने में भोंक देती हैं। इस तरह मल्लप्पा. का अंत होता है।

(ङ) लड़ाई की तैयारी के बारे में रायण्णा ने चेन्नम्मा को क्या बताया? .
उत्तर-
रायण्णा ने चेन्नम्मा को बताया कि लड़ाई के |लिए वे अच्छी तरह तैयार हैं। राज्य के गोदामों में इतना अन्न भर है। कि वर्षों तक समाप्त नहीं होगा। बारूद इतना है कि तोपें पिघल जाएँगी पर बारूद समाप्त नहीं होगा।

MP Board Solutions

भाषा की बात

प्रश्न 4.
निम्नलिखित शब्दों का शुद्ध उच्चारण कीजिए-
आज्ञा, अन्यथा, आँसू, फाँसी, समाप्त
उत्तर-
छात्र स्वयं करें।

प्रश्न 5.
निम्नलिखित शब्दों की वर्तनी शुद्ध कीजिए-
कपनी, नीती, देशदोही, पारंभ, शक्ती
उत्तर-
कंपनी, नीति, देशद्रोही, प्रारंभ, शक्ति

प्रश्न 6.
निम्नलिखित मुहावरों का वाक्य में प्रयोग कीजिए
उत्तर-
दो-दो हाथ करना-परिस्थितिवश रानी को अंग्रेजों से दो-दो हाथ करना ही पड़ा। मिट्टी में मिलाना-अंग्रेजों ने सोचा था वे कित्तूर को मिट्टी में मिला देंगे, पर ऐसा नहीं हुआ।
दाँत खट्टे करना-रानी चेन्नम्मा ने अंग्रेजों के दाँत खट्टे कर दिए।
जिस थाली में खाना उसी में छेद करना-मल्लप्पा ने जिस थाली में खाया उसी में छेद किया।
उपर्युक्त मुहावरों के अलावा पाठ में आए अन्य मुहावरे छाँटकर लिखिए।
आग बबूला होना, सबक सिखाना, जीना हराम करना, साँप की बांबी में हाथ डालना, दुम दबाकर भागना, बाल बाँका न करना, वीरगति को प्राप्त होना।

प्रश्न 7.
नीचे दिए वाक्यों में गुणों का अभाव हैं जिस गुण का अभाव हो उसे वाक्य में से सम्मुख दिए गए रिक्त कोष्ठक में लिखिए
(क) दिन में काम करते हैं। (आकांक्षा)
(ख) किसान लाठी से खेत जोतता है। (योग्यता)
(ग) पुस्तक पढ़ी सौरभ ने। (पदक्रम)
(घ) बाघ और बकरी एक घांट पर पानी पीती है। (अन्विति)
(ङ) शुभम शाला से वापस लौटता है। (सार्थकता)

कित्तूर की रानी चेन्नम्मा प्रसंग सहित व्याख्या

MP Board Solutions

1. चेन्नम्माः (क्रोध से) फरमान का यह उत्तर कंपनी सरकार को दे देना। अंग्रेजों ने समझा होगा कि एक असहाय नारी को डरा-धमका कर उसका राज्य छीन लेंगे, उसे मिट्टी में मिला देंगे। यह उनकी सरासर भूल है। नारी को वे दुर्बल तो समझते हैं, किंतु वे यह नहीं जानते कि समय आने पर वह प्रलय भी कर सकती है।

शब्दार्थ-फरमान = आदेश। असहाय = बेसहारा। सरासर=निश्चित रूप से, बिलकुल। दुर्बल कमजोर। प्रलय-सर्वनाश का समय।

प्रसंग-प्रस्तुत पंक्तियाँ हमारी पाठ्य पुस्तक सुगम भारती-6 में संकलित एकांकी ‘कित्तूर की रानी चेन्नम्मा’ से ली गई हैं। इसके लेखक शंकर बाम हैं। इन पंक्तियों में रानी कंपनी सरकार के प्रति अपना क्रोध प्रकट करती रही हैं।

व्याख्या-रानी चेन्नम्मा कंपनी सरकार के कित्तूर अधिग्रहण के फरमान का उत्तर देते हुए कहती हैं कि अंग्रेज सरकार उन्हें कमजोरं समझकर यह न सोचें कि वे उनका राज्य हथिया लेंगे। उन्हें असहाय समझना अंग्रेजों की भूल है। वे नारी को कमचोर समझते हैं परंतु उन्हें यह नहीं पता है कि यही नारी समय आने पर प्रलय भी ला सकती है।

विशेष-
1. वीर रस की प्रधानता है।
2. रानी चेन्नम्मा के स्वाभिमान का पता चलता है।

MP Board Solutions

2. चेन्नम्मा : शर्म नहीं आई तुम्हें यह कहते हुए, मल्लप्पा। जीवन-भर जिसका तुमने नमक खाया, स्वार्थ में पड़ कर उसी का गला काट रहे हो, लालच में आदमी कितना अंधा और नीच बन जाता है, तुम इसके जीते-जागते उदाहरण हो, किंतु याद रखो, जो अपने देश को धोखा देता है, उसके साथ गद्दारी करता है, ईश्वर उसे कभी क्षमा नहीं करता।

शब्दार्थ-गद्दारी-देशद्रोह। क्षमा माफ।

प्रसंग-पूर्ववत्

व्याख्या-चेन्नम्मा मल्लप्पा को धिक्कारते हुए कहती हैं कि कित्तूर की गद्दी पाने का सपना देखते हुए तुम्हें शर्म नहीं आई। तुमने जीवन भर जिसका नमक खाया, उसका कर्ज उतारने की जगह अपने स्वार्थ के लिए तुम उसके साथ गद्दारी कर रहे हो । लालच ने तुम्हें गिरा दिया है परंतु इतना याद रखना कि एक देशद्रोही को भगवान कभी माफ नहीं करता है।

विशेष-
1. स्वार्थ और लालच के दुष्परिणाम से अवगत कराया गया है।
2. मल्लप्पा के प्रति रानी के क्रोध एवं नफरत का पता चलता है।

MP Board Class 6th Hindi Solutions

MP Board Class 7th Maths Solutions Chapter 6 The Triangles and Its Properties Ex 6.2

MP Board Class 7th Maths Solutions Chapter 6 The Triangles and Its Properties Ex 6.2

Question 1.
Find the value of the unknown exterior angle x in the following diagrams:
MP Board Class 7th Maths Solutions Chapter 6 The Triangles and Its Properties Ex 6.2 1
MP Board Class 7th Maths Solutions Chapter 6 The Triangles and Its Properties Ex 6.2 2
Solution:
(i) x = 50° + 70° (Exterior angle property) = 120°
(ii) x = 65° + 45° (Exterior angle property)
= 110°
(iii) x = 40° + 30° (Exterior angle property)
= 70°
(iv) x = 60° + 60° (Exterior angle property)
= 120°
(v) x = 50° + 50° (Exterior angle property)
= 100°
(vi) x = 30° + 60° (Exterior angle property)
= 90°

Question 2.
Find the value of the unknown interior angle x in the following figures:
MP Board Class 7th Maths Solutions Chapter 6 The Triangles and Its Properties Ex 6.2 3
MP Board Class 7th Maths Solutions Chapter 6 The Triangles and Its Properties Ex 6.2 4
Solution:
(i) x + 50° = 115°
(Exterior angle property)
⇒ x = 115° – 50° = 65°
(ii) 70° + x = 100° (Exterior angle property) ⇒ x = 100° – 70° = 30°
(iii) x + 90° = 125° (Exterior angle property) ⇒ x = 125° – 90° = 35°
(iv) x + 60° = 120° (Exterior angle property) ⇒ x = 120° – 60° = 60°
(v) x + 30° = 80° (Exterior angle property) ⇒ x = 80° – 30° = 50°
(vi) x + 35° = 75° (Exterior angle property) ⇒ x = 75° – 35° = 40°

MP Board Class 7th Maths Solutions Chapter 6 The Triangles and Its Properties Ex 6.2

MP Board Class 7th Maths Solutions

MP Board Class 7th Maths Solutions Chapter 6 The Triangles and Its Properties Ex 6.1

MP Board Class 7th Maths Solutions Chapter 6 The Triangles and Its Properties Ex 6.1

Question 1.
In ∆PQR, D is the mid-point of \(\overline{Q R}\).
\(\overline{P M}\) is ___.
PD is ___.
Is QM = MR?
MP Board Class 7th Maths Solutions Chapter 6 The Triangles and Its Properties Ex 6.1 1
Solution:
(i) PM is an altitude
(ii) PD is a median
(iii) No, QM ≠ MR.

MP Board Class 7th Maths Solutions Chapter 6 The Triangles and Its Properties Ex 6.1

Question 2.
Draw rough sketches for the following:
(a) In ∆ABC, BE is a median.
(b) In ∆PQR, PQ and PR are altitudes of the triangle.
(c) In ∆XYZ, YL is an altitude in the exterior of the triangle.
Solution:
MP Board Class 7th Maths Solutions Chapter 6 The Triangles and Its Properties Ex 6.1 2
MP Board Class 7th Maths Solutions Chapter 6 The Triangles and Its Properties Ex 6.1 3

Question 3.
Verify by drawing a diagram, if the median and altitude of an isosceles triangle can be same.
Solution:
MP Board Class 7th Maths Solutions Chapter 6 The Triangles and Its Properties Ex 6.1 4
Draw a line segment AD perpendicular to BC. It can be observed that the length of BD and DC is also same. Therefore, AD is also a median of this triangle.

MP Board Class 7th Maths Solutions Chapter 6 The Triangles and Its Properties Ex 6.1

MP Board Class 7th Maths Solutions

MP Board Class 6th Hindi Sugam Bharti Solutions Chapter 21 आओ दीप जलाएँ

MP Board Class 6th Hindi Sugam Bharti Solutions Chapter 21 आओ दीप जलाएँ

MP Board Class 6th Hindi Sugam Bharti Chapter 21 प्रश्न अभ्यास

वस्तुनिष्ठ प्रश्न

प्रश्न 1.
(क) सही जोड़ी बनाइए
1. शरीर – (क) निष्ठा
2. करुणा – (ख) प्रेम
3. प्रतीति – (ग) सेवा कर्म
4. आस्था – (घ) मन
उत्तर-
1. (घ),
2. (ग),
3. (ख),
4. (ग)

MP Board Solutions

प्रश्न (ख)
दिए गए शब्दों में से उपयुक्त शब्द चुन कर रिक्त स्थानों की पूर्ति कीजिए

1. क्या आप और हम उस बुढ़ापे, बीमारी और ……………………………… से मुक्त हो गए भंते? (जीवन/मृत्यु)
2. घटाटोप अंधकार का अंत करने के लिए एक ……………………………… ही काफी होती है। (चिनगारी/मशाल)
3. दीपावली के ये दीए लोक जीवन के जागरुक ……………………………… हैं। (प्रहरी/दूत)
4. ये दीए सृष्टि के महासागर के अंतराल के चमकते ……………………………… हैं। (तारे/मुक्ता )
उत्तर-
1. मृत्यु,
2. चिनगारी,
3. प्रहरी,
4. मुक्ता।

MP Board Class 6th Hindi Sugam Bharti Chapter 21 अति लघु उत्तरीय प्रश्न

प्रश्न 2.
निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर एक-एक वाक्य में दीजिए
(क) आनंद ने बुद्ध से पहला प्रश्न कौन-सा किया?
उत्तर-
आनंद ने बुद्ध से पहला प्रश्न यह किया कि क्या आपको वह मिला, जिसके लिए आपने तप किया था।

(ख) बोध प्राप्त करने का क्या आशय है?
उत्तर-
मन बूढ़ा न हो, मन बीमार न हो, मन मरे नहीं, इस साधना की सिद्धि ही बुद्ध होना, बोध प्राप्त करना है।

(ग) बुद्ध ने अंधकार का क्या कारण बतलाया है?
उत्तर-
बुद्ध ने प्रकाश की अनुपस्थिति को आनंद का कारण बतलाया है।

(घ) संत रिजाई ने किसे अपना कंबल दिया?
उत्तर-
संत रिजाई ने चोर को अपना कंबल दिया।

(ङ) न्यायाधीश और संत में क्या रिश्ता था?
उत्तर-
न्यायाधीश संत का शिष्य था।

MP Board Solutions

MP Board Class 6th Hindi Sugam Bharti Chapter 21 लघु उत्तरीय प्रश्न 

प्रश्न 3.
निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर तीन-से-पाँच क्यों में दीजिए

(क) लेखक ने भारत माता के दिल की बात किस प्रकार स्पष्ट की है?
उत्तर-
लेखक ने कहा कि हमें केवल अपने उजाले की फिक्र नहीं होनी चाहिए। हमें दूसरों के जीवन की रौशनी भी बनाए रखने के लिए प्रयत्नशील रहना होगा। दीपावली के दीयों की तरह सुबह होने तक केवल अपने लिए नहीं दूसरों के लिए भी जलना होगा। यह केवल दीप की नहीं भारत माता के दिल की भी बात है।

(ख) “यदि हम केवल अपने-अपने घरों के दीयों की चिंता करने में ही लगे रहें तो किसी के भी दीये नहीं बचेंगे।’ इस वाक्य का आशय समझाइए।
उत्तर-
इस वाक्य का आशय यह है कि यदि हर व्यक्ति अपने स्वार्थ के बारे में सोचेगा तो कहीं न कहीं जाकर सबके हित आपस में टकराएँगे! ऐसी स्थिति किसी के लिए भी सही नहीं होगी। और तब जो अंधकार उत्पन्न होगा वो पूरी मानव जाति के लिए खतरनाक होगा।

(ग) तथागत ने अंतर्मन को प्रकाशित करने के लिए कौन-सा उपाए सुझाया?
उत्तर-
तथागत ने कहा कि तुम्हारे भीतर का जो प्रकाश बाहर अंधकार देख रहा है, उसे अपने अंदर उतार लो। आँखों की ज्योति आत्मा में जला लो। जब अंदर का अंधेरा दिखने लगेगा, तो अंतर्मन भी प्रकाशित हो जाएगा।

(घ) संत रिजाई और चोर के संवाद तीन-चार वाक्यों में लिखिए।
उत्तर-
संत रिजाई ने चोर को रोका और कहा-“खाली हाथ न जाओ। मेरे पास बस एक कंबल है, इसे ले लो। मैं तुम्हारा आभारी रहूँगा।” चोर कंबल लेकर जाने लगा तो रिजाई ने उसे फिर रोका और कहा- ‘मैंने तुम्हें कंबल दिया, तुम मुझे धन्यवाद दिए बिना जा रहे है।” चोर ने धन्यवाद दिया और चलता बना।

(ङ) “हमें दूसरों के लिए जलना होगा।” लेखक के इस निष्कर्ष का भाव समझाइए।
उत्तर-
लेखक के इस निष्कर्ष का भाव है कि हमें केवल स्वयं के लिए नहीं, दूसरों के लिए भी कार्य करना होगा। केवल अपने उजाले की ही नहीं, दूसरों के उजाले की भी फिक्र करनी होगी। तभी सबके जीवन से अंधकार दूर होगा और देश महान् बनेगा।

MP Board Solutions

भाषा की बात

प्रश्न 4. निम्नलिखित शब्दों का सही उच्चारण कीजिए
बौद्ध, विश्लेषण, पराक्रमी, साक्षात्कार, अनुष्ठान, सृष्टि।
उत्तर-
छात्र स्वयं करें।

प्रश्न 5.
निम्नलिखित शब्दों की शुद्ध वर्तनी लिखिएसताब्दी, पहरी, निर्णय, आयू, निश्ठा
उत्तर-
शताब्दी, प्रहरी, निर्णय, आयु, निष्ठा

प्रश्न 6.
निम्नलिखित शब्दों में प्रयुक्त उपसर्ग छाँटकर लिखिए-
अपयश, उपवन, पराक्रम, संयोग, अपहरण, उपमंत्री, संग्रह, संतोष, पराजय, अपव्यय, उपनाम, सम्मुख।
उत्तर-
उपसर्ग-अप, उप, परा, सम्, अप, उप, सम्, सम्, परा, अप, उप, सम्।

प्रश्न 7.
निम्नलिखित मुहावरों का अर्थ लिखकर वाक्यों में प्रयोग कीजिए-
उत्तर-
दबे पाँव आना (चुपके से आना)-चोर दबे पाँव घर में आया और सामान लेकर चला गया।
उलटे पाँव जाना (आते ही वापस लौट जाना)-महेश देर से विद्यालय पहुँचा तो अध्यापक ने उसे उलटे पाँव वापस लौटा दिया।
अपनी ढपली बजाना (अपना राग अलापना)-मोहन किसी की नहीं सुनता, अपनी ढपली बजाता रहता है।
खाली हाथ जाना (बिना कुछ लिए जाना)-भिक्षुक और ब्राह्मण को खाली हाथ नहीं लौटाना चाहिए।

प्रश्न 8.
दिए गए गद्यांश को पढ़कर नीचे लिखे प्रश्नों के उत्तर दीजिए-
व्यक्ति में जैसे-जैसे विद्या का विकास होता है उतना ही वह नम्र होता जाता है, विद्या विहीन व्यक्ति का आचरण भी रूखा और शिष्टता विहीन होता है। फलों-फूलों से भरी हुई शाखा झुक जाती है। उसी प्रकार विद्या से संपन्न व्यक्ति भी विद्या पाकर विनम्र हो जाता है जिस प्रकार थोथे बादल आकाश में ऊँचे मंडराते रहते हैं किंतु जब वे जल से भरे होते हैं तो भूमि के निकट आकर बरसने लगते हैं।

प्रश्न-
‘ऊंचा’ और ‘संपन्न’ के विलोम लिखिए
उत्तर-
ऊँचा – नीचा
संपन्न – विपन्न

प्रश्न-
‘नीर’, ‘सुमन’ और ‘गगन’ शब्द के पर्यायवाची उपर्युक्त गद्यांश में से छाँटिए।
उत्तर-
नीर – जल
सुमन – फूल
गगन – आकाश

प्रश्न-
उपर्युक्त गद्यांश में से संज्ञा शब्द छांटिए।
उत्तर-
व्यक्ति, विद्या, आचरण, फलों-फूलों, शिक्षा, बादल, आकाश, जल, भूमि

प्रश्न 9.
निम्नलिखित शब्दों में से विकारी एवं अविकारी शब्द छांटिए।
पीला, धीरे-धीरे, ऊपर, हमारा, करते हैं।
उत्तर-
विकारी-पीला, हमारा, करते हैं।
अविकारी-धीरे-धीरे, ऊपर

MP Board Solutions

आओ दीप जलाएँ प्रसंग सहित व्याख्या

1. तथागत बोले, “तुम्हारे अंदर का जो प्रकाश बाहर का अंधकार देख रहा है, उसे अपने अंदर उतार लो। आँखों की ज्योति आत्मा में जला दो। चर्मचक्षुओं का जो प्रकाश बाहर का अंधेरा देख रहा है, वह अंदर का अंधेरा भी देखने लगा, तो अंतर्मन भी प्रकाशित हो जाएगा। आत्मदीप जल उठेगा।’

शब्दार्थ-चर्मचक्षु-आँख। अंतर्मन आत्मा, हृदय।

प्रसंग-प्रस्तुत पंक्तियाँ हमारी पाठ्य पुस्तक सुगम भारती-6 में संकलित निबंध ‘आओ दीप जलाएँ’ से उद्धृत हैं। इनमें भगवान बुद्ध आनंद को अपनी आत्मा को प्रकाशित करने का मार्ग बता रहे हैं।

व्याख्या-भगवान बुद्ध कहते हैं कि तुम्हारे भीतर का जो प्रकाश तुम्हें बाहर के अंधकार की सूचना दे रहा है, वही तुम्हारी आत्मा के अंधकार को भी दूर करने की शक्ति रखता है। तुम अपनी जिन आँखों से बाहर के अंधेरे को देख रहे हो, उन्हीं आँखों से जब अपने भीतर के अंधेरे को देख लोगे तो अपनी कमियों और बुराइयों को जान पाओगे और उसी क्षण तुम उस अंधकार को दूर कर अपनी आत्मा को भी प्रकाशित कर सकोगे।

विशेष-
1. प्रकाश और अंधकार व्यक्ति के अंदर ही निहित हैं।
2. मनुष्य स्वयं अपने जीवन के अंधकार को दूर करने की शक्ति रखता है।

2. हम अंधकार से लड़ते नहीं, प्रकाशोत्सव मनाते हैं। जगमग-जगमग दीप जलाते हैं, लेकिन इसके एक अपवाद है। वह यह कि जो केवल अपने घर में दीया जलाकर केवल अपना प्रकाशोत्सव मनाते हैं, केवल अपनी ड्योढ़ी झालरों से सजाते हैं, उनका घर तो चमक उठता है, लेकिन उनका यह प्रकाशोत्सव बाहर के अंधकार को उनके अंदर धकिया देता है। यदि किसी के घर का प्रकाश उसके पड़ोसी को चिढ़ाने लगता है तो अंधकार मिटता नहीं, बढ़ता है, बलवान होता है।

शब्दार्थ-प्रकाशोत्सव-प्रकाश का उत्सव।

प्रसंग-पूर्ववत्

व्याख्या-लेखक कहते हैं कि भारत में अंधकार को – दूर करने के लिए प्रकाशोत्सव को अधिक से अधिक प्रकाशित करने की भावना है तो यह प्रकाश बाहर के अंधकार को मनुष्य के अंदर धकेल देता है। उसकी आत्मा मलिन होती है क्योंकि वहाँ स्वार्थ और ईर्ष्या जैसी कुभावनाएँ जगह बना लेती हैं। लेखक कहते हैं कि यदि आप पड़ोसी को चिढ़ाने के लिए अपने घर को झालरों से सजा रहे हैं, तो इससे अंधकार घटेगा नहीं बल्कि बढ़ेगा क्योंकि दुर्भावनाएँ बढ़ेंगी, क्लेश उत्पन्न होगा।

विशेष-
1. केवल दीप जलाकर अंधकार दूर नहीं किया जा सकता।
2. चहुंओर उजाले के लिए मन की भावनाएँ भी प्रकाशित होनी चाहिए।

MP Board Class 6th Hindi Solutions

MP Board Class 6th Hindi Sugam Bharti Solutions Chapter 22 बोध कथाएँ

MP Board Class 6th Hindi Sugam Bharti Solutions Chapter 22 बोध कथाएँ

MP Board Class 6th Hindi Sugam Bharti Chapter 22 प्रश्न अभ्यास

वस्तुनिष्ठ प्रश्न

प्रश्न 1.
(क) सही जोड़ी बनाइए
1. प्रौढ़ महिला – (क) डाकिया
2. गवाही – (ख) उच्च विचार
3. रामदयाल – (ग) पुलिस चौकी
4. सादा जीवन – (घ) कर्तव्य पालन
उत्तर-
1. (घ),
2. (ग),
3. (क),
4. (ख)

प्रश्न (ख)
दिए गए शब्दों में से उपयुक्त शब्द चुनकर रिक्त स्थानों की पूर्ति कीजिए
1. महिला ने एक युवक को …………………………… अवस्था में देखा। (अशांत/अचेत)
2. रामदयाल ने बड़े बेटे को …………………………… बना दिया। (डॉक्टर/इंजीनियर)
3. बड़ा बेटा अब तक …………………………… समझ चुका था। (सच्चाई/गहराई)
4. ‘सादा जीवन, उच्च विचार’ का भाव …………………………… में रखो। (ध्यान/मकान)
उत्तर-
1. अचेत,
2. इंजीनियर,
3. सच्चाई,
4. ध्यान।

MP Board Class 6th Hindi Sugam Bharti Chapter 22 अति लघु उत्तरीय प्रश्न

प्रश्न 2.
निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर एक-एक वाक्य में दीजिए

(क) दुर्घटना के बाद लोग क्यों डर रहे थे।
उत्तर-
दुर्घटना के बाद लोग कोर्ट-कचहरी के झंझट में पड़ने से डर रहे थे।

(ख) विद्यार्थी युवक के सिर पर पट्टी क्यों नहीं बांध सका?
उत्तर-
विद्यार्थी का रूमाल छोटा पड़ गया, इसलिए वह युवक के सिर पर पट्टी नहीं बांध सका।

(ग) महिला के परिवार की आँखों में आँसू क्यों आ
गए?
उत्तर-दुर्घटना का विवरण सुन कर महिला के परिवार की आँखों में आँसू आ गए।

(घ) रामदयाल ने अपने बच्चों से क्या वायदा किया?
उत्तर-
रामदयाल ने अपने बच्चों से उन्हें खूब पढ़ाने का वायदा किया।

(ङ) पिता ने अपने बच्चों को क्या सीख दी?
उत्तर-
पिता ने अपने बच्चों को सिखाया कि ‘सादा जीवन उच्च विचार’ की भावना ध्यान में रखो और कमर कसकर रखो तो सफलता अवश्य मिलेगी।

MP Board Class 6th Hindi Sugam Bharti Chapter 22 लघु उत्तरीय प्रश्न

प्रश्न 3.
निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर तीन-से-पाँच वाक्यों में दीजिए

(क) महिला के घर में तूफान क्यों आ गया?
उत्तर-
महिला फटी हुई साड़ी में घर पहुँची। उसके घरवाले इसकी वजह नहीं जानते थे। यही कारण था कि सब घबरा गए और ऐसा लगा जैसे तूफान आ गया हो।

(ख) प्रौढ़ महिला के बेटे ने सिर क्यों झुका लिया?
उत्तर-
प्रौढ़ महिला के बेटे को जब पता चला कि उसकी माँ ने एक युवक की जान बचाने के लिए अपनी साड़ी फाड़ कर दे दी। ऐसा उसने इसलिए किया ताकि कभी उसके बेटे की मदद के लिए भी कोई आगे आएगा। यह सुनकर बेटे ने सिर झुका लिया।।

(ग) रामदयाल के सुखी परिवार को देख कर लोगों को आश्चर्य क्यों हुआ?
उत्तर-
रामदयाल के सुखी परिवार को देखकर लोगों को आश्चर्य इसलिए हुआ क्योंकि इतनी सीमित आमदनी में भी उसने अपने बच्चों को डॉक्टर इंजीनियर बना लिया था। आजकल की मंहगाई में सीमित आय के व्यक्ति के लिए यह संभव नहीं है। यही वजह था कि सभी आश्चर्यचकित थे।

(घ) ‘सादा जीवन उच्च विचार’ से क्या आशय है?
उत्तर-
सादा जीवन उच्च विचार का अर्थ है कि जीवनशैली सादगीपूर्ण हो परंतु विचारों में उच्चता बनी रहे। मौज-मस्ती के नाम पर फिजूल खर्ची से बचा जाए और जीवन का जो उच्चतम लक्ष्य है उसे पाने के लिए प्रयासरत रहा जाए।

(ङ) परिवार को खुशहाल बनाने के लिए रामदयाल ने क्या किया?
उत्तर-
परिवार को खुशहाल बनाने के लिए रामदयाल ने सादगी पूर्ण जीवन को अपनाया। फिजूलखर्ची करने से खुद को रोका। बच्चों को उच्च शिक्षा प्रदान की और उनके उज्जवल भविष्य का निर्माण किया। भाषा की बात

प्रश्न 4.
निम्नलिखित शब्दों का शुद्ध उच्चारण कीजिएप्रोढ़, बेहोश, विद्यार्थी, कर्तव्य, आवाज़, व्यक्ति।
उत्तर-
छात्र स्वयं करें।

प्रश्न 5.
निम्नलिखित शब्दों की वर्तनी शुद्ध कीजिएरुमाल, झझंट, दुघर्टना, पत्नि, उंगलि, लड़कियाँ, खरच।
उत्तर-
रूमाल, झंझट, दुर्घटना, पत्नी, अंगुली, लड़कियाँ, खर्च।

प्रश्न 6.
निम्नलिखित महावरे और उनके अर्थ एक साथ दिए गए हैं उन्हें अलग-अलग कीजिए
दाँतों तले अंगुली दबाना, बेकार घूमना, मारे-मारे फिरना, आश्चर्य करना, ठान लेना, कमर कसना, उधार लेना, कर्ज में डूबना।
उत्तर-
दांतो तले अंगुली दबाना-आश्चर्य करना मारे-मारे फिरना-बेकार घूमना कमर कसना-ठान लेना कर्ज में डूबना-उधार लेना

प्रश्न 7.
दिए गए शब्दों के पर्यायवार्ची वर्ग पहेली में दिए गए हैं शब्दों के आगे उनके सही पर्यायवाची छांटकर लिखिए
घर, माँ, बेटा, महिला, चिराग
उत्तर-
पर्यायवाची-गृह, माता, पुत्र, औरत, दीप

प्रश्न 8.
निम्नलिखित शब्द समूहों में से विशेषण-विशेष्य छाँटकर लिखिए
एक ट्रक, तेज रफ्तार, प्रौढ़ महिला, सादा जीवन, जादुई चिराग, तीन बच्चे, बड़ी इच्छा, अचेत अवस्था।
उत्तर-
विशेषण-एक, तेज, प्रौढ़, सादा, जादुई, तीन, बड़ी, अचेत।
विशेष्य-ट्रक, रफ्तार, महिला, जीवन, चिराग, बच्चे, इच्छा, अवस्था।

प्रश्न 9.
में, से, की, द्वारा, को, पर, का, ने कारकों का उपयुक्त स्थान पर प्रयोग कर कहानी पूरी कीजिए
उत्तर-
बहुत समय पहले की बात है। एक गाँव में दयावती नाम की एक स्त्री रहती थी। वह बहुत बूढ़ी हो गई थी। उसके परिवार में और कोई नहीं था। दयावती गाँव से निकलने वाली राहगीरों को भोजन कराती थी।

राहगीर प्यार से जो कुछ दे जाते वह उसी से अपन खर्च चलाती थी। गाँव वाले भी उसका पूरा ध्यान रखते थे। दयावती द्वारा किया गया उपकार वे नहीं भूलते थे, एक बार घर में चोर घुस आएँ उन्होंने घर का कोना-कोना छान मारा पर उन्हें कुछ नहीं मिला। चोर ने भागने में ही अपनी भलाई समझी।

बोध कथाएँ प्रसंग सहित व्याख्या

1. बेटे की ……………………………………………. हो सकता है।

शब्दार्थ-रोष-क्रोध। चिंता-फिक्र।

प्रसंग-प्रस्तुत पंक्तियाँ हमारी पाठ्य पुस्तक सुगम भारती 6 में संकलित ‘बोध कथाएँ’ से ली गई हैं। इसके लेखक बृज मोहन हैं। इन पंक्तियों में मानवीय मूल्यों को स्थापित किया गया है।

व्याख्या–बेटे की बात का जवाब देते हुए माँ कहती है कि घायल युवक की पदद केवल उस विद्यार्थी ने की क्योंकि उसे उसमें अपना बड़ा भाई नजर आया। और दूसरी मैने की क्योंकि मैंने उसमें अपने बेटे को देखा। कल यदि मेरे बेटे के साथ ऐसा कुछ हो जाता है तो मैं उन लोगों को क्या कहूँगी जो उसकी मदद के लिए आगे नहीं बढ़ेंगे। ऐसी परिस्थिति में हर व्यक्ति को यह सोचकर दूसरे की मदद करनी चाहिए कि ऐसा कभी उसके साथ भी हो सकता है।

विशेष-
1. नैतिक एवं मानवीय मूल्यों की प्रधानता है।
2. एक माँ की भावनाओं को दर्शाया गया है।

2. सादा खाया, सादा पहना, मगर बच्चों को पढ़ायाँ अगर कहीं फिजूलखर्ची और चटखारे में लगा रहता तो बच्चे भी इधर-उधर मारे-मारे ही फिरते। मैने सदा इन्हें यही सिखाया कि ‘सादा जीवन उच्च विचार की भावना ध्यान में रखो’ और हर समय कमर कस कर रखो। सफलता अवश्य मिलेगी।

शब्दार्थ-फिजूलखर्ची = फालतू खर्च। चटखारे =स्वाद लेना। अवश्य = जरूर।

प्रसंग-पूर्ववत्

व्याख्या-रामदयाल ने सीमित आय में ही बच्चों को अच्छी उच्च शिक्षा दी थी। उन्होंने जीवन भर सादगी को अपनाया। मौज-मस्ती के नाम पर फिजूल खर्ची नहीं की। यही कारण था कि बच्चो को पढ़ाने का जो सपना उन्होंने देखा था, वह सच हुआ। वे अपने बच्चों से कहते हैं कि सादा जीवन और उच्च विचार को अपनाकर यदि कदम बढ़ाया जाए तो कमर कस लेने भर की देर है, हर मंजिल तक सफलतापूर्वक पहुँचा जा सकता है।

विशेष-
1. दृढ़ इच्छा शक्ति को महत्त्व दिया गया है।
2. सादा जीवन उच्च विचार के फायदे बताए गए हैं।

MP Board Class 6th Hindi Solutions

MP Board Solutions

MP Board Class 6th Hindi Sugam Bharti विविध प्रश्नावली 2

MP Board Class 6th Hindi Sugam Bharti Solutions विविध प्रश्नावली 2

प्रश्न 1.
सही जोड़ी बनाइए.
1. कर्त्तव्य – (क) दिवस
2. सहन – (ख),परायणता
3. उपभोक्ता – (ग) जोखा
4. लेखा – (घ) शीलता
उत्तर-
1. – (ख)
2. – (घ)
3. – (क)
4. – (ग)

MP Board Solutions

प्रश्न 2.
सही विकल्प चुन कर रिक्त स्थानों की पूर्ति कीजिए
1. मुझको अपनी ……………………………… पर बहुत-बहुत अभिमान है। (मानवता/दानवता)
2. बाथरूम की फिसलन पाठ ……………………………… विधा के अंतर्गत आता है। (कटानी/व्यंग्य)
3. सबको अपने जीवन से ……………………………… होता है। (मोह/विद्रोह)
4. नर्मदा ……………………………… की ओर बहती है। (पूर्व/पश्चिम)
5. वस्तु का उपयोग करने वालों को ……………………………… कहते हैं। (विक्रेता/उपभोक्ता)
उत्तर-
1. मानवता,
2. व्यंग्य,
3. मोह,
4. पश्चिम,
5. उपभोक्ता

प्रश्न 3.
निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर एक-एक वाक्य में दीजिए

(क) ‘कोई नहीं पराया’ कविता में कवि ने अपना आराध्य किसे माना है?
उत्तर-
‘कोई नहीं पराया’ कविता मे कवि ने अपना आरध्य आदमी को माना है।

(ख) आई.एस.आई. और एगमार्क अंकित वस्तुएँ ही क्यों खरीदनी चाहिए,
उत्तर-
आई.एस.आई. और एगमार्क अंकित वस्तुएँ ही खरीदनी चाहिए क्योंकि इनमें धोखे या ठगी की गुंजाइश नहीं होती है।

(ग) गौंड, भील, बैगा स्त्रियों को किस चीज से लगाव होता है?
उत्तर-
गौंड़, भील, बैगा स्त्रियों को गुदनों से बड़ा लगाव होता है।

(घ) राजेन्द्र सिंह ने कौन-सा सम्मान प्राप्त किया था?
उत्तर-
राजेन्द्र सिंह ने पानी बचाने का सम्मान प्राप्त किया था।

(ङ) मदन मोहन मालवीय जी ने अपने जीवन में कौन-सा सर्वाधिक महत्त्वपूर्ण कार्य किया?
उत्तर-
मदन मोहन मालवीय जी ने अपने जीवन में सर्वाधिक महत्त्वपूर्ण कार्य हिंदू विश्वविद्यालय की स्थापना कर के किया।

प्रश्न 4.
निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर तीन से पाँच वाक्यों में दीजिए।

(क) साहसी व्यक्ति को किन-किन गुणों से पहचाना जाता है?
उत्तर-
साहसी व्यक्ति को हृदय की पवित्रता, उदारता, चरित्र की दृढ़ता तथा कर्तव्यपरायणता जैसे गुणों से पहचाना जाता है। उच्च कोटि के साहस के लिए कर्तव्यपरायण बनना परम आवश्यक है। इन गुणों के अतिरिक्त साहसी के लिए स्वार्थ त्याग भी अत्यंत आवश्यक

(ख) लेखक कटुवादी होने से क्यों बचना चाहता था?
उत्तर-
लेखक कटुवादी होने से इसलिए बचना चाहता था ताकि वह सबका प्रिय बना रह सके। उसकी जिंदगी चैन से गुजरे तथा उसके मित्र और सगे-संबंधी उससे खुश रह सकें।

(ग) ‘नई सुबह’ कहानी में गीता ने पिताजी से क्या निवेदन किया?
उत्तर-
‘नई सुबह’ कहानी में गीता ने पिताजी से यह – निवेदन किया, दहेज की प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष माँग करने वाला दंडनीय होता है। आप शंभूपुरा वालों के घर जाकर अपनी बात कहिए। मैं उस लड़के को अच्छी तरह जानती हूँ। वह आपकी लाज रख लेगा।

(घ) ‘नर व्याघ्र’ का प्रयोग किसके लिए किया गया है और क्यों?
उत्तर-
यहाँ ‘नर व्याघ्र’ सुयोधन अर्थात् दुर्योधन को कहा गया है। यह संबोधन उसके व्यक्तित्व में निहित पशुता के भाव को उजागर करता है। दुयोधन नर होते हुए भी पशु के लक्षण से युक्त है, इसलिए उसे ‘नर व्याघ्र’ कहा गया है।

(ङ) पामवन के पुल की क्या विशेषताएँ हैं?
उत्तर-
पामवन का पुल लोहे का बना हुआ है और समुद्र पर बाँधा गया है यह रेल पुल स्थिर नहीं है। जब जहाजों को निकलना होता है तब यह पुल उठा दिया जाता है जिससे स्टीमर एक ओर से दूसरी ओर चला जाए।

MP Board Solutions

प्रश्न 5.
(क) दिए गए शब्दों में से समुद्र, पथ, नर, माता एवं सर्प के पर्यायवाची छांटकर लिखिए सागर, जननी, पुरुष, जलनिधि, माँ, मनुष्य, भुजंग, रास्ता, विषधर, मार्ग।
उत्तर-

(ख) निम्नलिखित मुहावरों का अर्थ लिखकर वाक्यों में प्रयोग कीजिए रक्त उबल पड़ना, नौ-दो ग्यारह होना, दिन-रात एक करना, ईद का चांद होना।
उत्तर-
रक्त उबल पड़ना (अत्यंत क्रोधित होना)- उसकी बातें सुनकर मेरा रक्त उबल पड़ा।
नौ-दो ग्यारह होना (भाग जाना)-पुलिस को देखकर चोर नौ-दो ग्यारह हो गया।
दिन-रात एक करना (कठिन मेहनत करना)-परीक्षा में प्रथम आने के लिए नेहा ने दिन रात एक कर दिया।
ईद का चांद होना (बहुत दिन के बाद दिखाई देना)-पूजा आज कल ईद का चांद हो गई है, दिखाई नहीं देती।

प्रश्न 6.
(क) निम्नलिखित शब्दों से विशेषण छाँटकर लिखिए-
काला बादल, लम्बी सड़क, चंचल मन, मधुर वाणी
उत्तर-
काला, लम्बी, चंचल, मधुर

(ख) दिए गए वाक्यों में से अविकारी शब्द छाँटकर लिखिए-
समीक्षा अपने पापा के साथ मेला देखने गई। लगातार परिश्रम करने से सफलता प्राप्त होती है।
उत्तर-
के साथ लगातार

प्रश्न 7.
(क) कोष्टक में दिए गए सर्वनाम शब्दों में से रिक्त स्थान की पूर्ति कीजिए (उसे, मेरी, तुम्हारी, हमारा)
(क) राखी ने कहा ये सब …………………… सहेलियाँ हैं।
(ख) अजय को बुलाओ ……………………… बाजार भेजना है।
(ग) ………………………… घर विद्यालय के सामने है।
(घ) पल्लवी ने राधिका से कहा ……………………………… फ्राक बहुत सुन्दर है।
उत्तर-
(क) मेरी,
(ख) उसे,
(ग) हमारा,
(घ) तुम्हारी।

(ख) निम्नलिखित शब्दों को ‘र’ के विभिन्न रूपों का प्रयोग कर शुद्ध शब्द बनाइए
चरचा, टराली, परखर, निरदेशक
उत्तर-
चर्चा, ट्राली, प्रखर, निर्देशक

प्रश्न 8.
दिए गए शब्दों की संधि कीजिए
अध+ गति, कवि + ईश, देव + ऋषि, उत् + चारण, उत् + हरण, निः + धन, अति + अधिक, विद्या + आलय
उत्तर-
अध + गति – अधोगति
कवि + ईश – कवीश

प्रश्न 9.
‘नई सुबह’ कहानी का सारांश लिखिए।
उत्तर-

कथा का सारांश

यह कथा दहेज प्रथा की बुराइयों को दर्शाती है। कथा की नायिका गीता अपने माता-पिता की अकेली संतान है। उसके पिता रामनाथ उसका विवाह एक इंजीनियर से निश्चित करते हैं। लड़के के पिता स्वयं को दहेज के विरुद्ध बताते हैं परंतु साथ ही यह भी कहते हैं कि यदि रामनाथ अपनी लड़की और दामाद को कुछ देना चाहें तो उन्हें कोई एतराज नहीं होगा। रामनाथ जी उनकी बातों का अर्थ नहीं समझ पाते और विवाह की तैयारियों में लग जाते हैं। परंतु गीता का हृदय किसी अनजानी आशंका से भयभीत है। उसे शंका है कि लड़के के परिवार वाले दहेज लोभी हैं और यह निराधार नहीं है। विवाह के दिन बाराती जरा जरा सी बात पर नखरे दिखाने लगते हैं और हद तो तब हो जाती है जब लड़के के पिता यह फरमाइश रखते हैं कि लड़का अपनी कार में बैठकर ही लड़की के दरवाजे तक जाएगा। रामनाथ जी यह सुनकर घबरा जाते हैं। गीता को दूल्हे की कार की माँग के बारे में पता चलता है तो वह क्रोधित हो जाती है और शादी से इंकार कर देती है। वह अपने पिता को बताती है कि दहेज की प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष माँग दंडनीय है और उनसे शंभुपुरा वालो के यहाँ जाने का अनुरोध करती है जिनका रिश्ता उनकी गरीबी के कारण रामनाथ जी ने स्वीकार नहीं किया था। गीता को यकीन है कि आधी रात में शंभुपुरा जाते हैं और रघुनाथ जी को सारा हाल सुनाकर उनसे अपने पूर्व व्यवहार के लिए क्षमा माँगते हैं। मानवतावादी रघुनाथ जी गीता जैसी सुशील बहू पाने के लिए रिश्ता स्वीकार कर लेते हैं और संबंधियों के साथ लग्न मंडप में पहुँच जाते हैं। मध्य रात्रि को विवाह संपन्न होता है और सुबह गीता की विदाई भी हो जाती है। इधर दूल्हा और उसके पिता सारी बात जानकर हाथ मलते रह जाते हैं और समाज में उनकी खूब बदनामी भी होती है। वहीं दूसरी ओर गीता के जीवन की नई सुबह उसके लिए अनगिनत खुशियाँ लेकर आती हैं।

MP Board Solutions

प्रश्न 10.
किसी एक विषय पर 100 शब्दों में निबंध लिखिए-

  • साहस
  • दहेजप्रथा
  • जागरुक उपभोक्ता
  • सहनशीलता

उत्तर-

दहेज प्रथा

दहेज प्रथा हमारे समाज की एक ऐसी कुरीति है, जिसका शीघ्र नाश अत्यंत आवश्यक है। भारत जैसे प्रगतिशील राष्ट्र में एक ऐसी कुरीति के लिए कोई स्थान नहीं होना चाहिए, जिसके कारण उपजी परिस्थतियाँ उसे सदियों पीछे धकेत देती हों। विवाह के अवसर पर वर पक्ष द्वारा कन्या पक्ष से धन एवं बहुमूल्य वस्तुओं की माँग दहेज कहलाती है। यह प्रथा आरंभ कब हई, यह तो पता नहीं, परंतु आज इसके कारण नव विवाहिताओं की हत्या तक की जा रही है। इसी प्रथा के कारण कन्या 1 भ्रूण हत्या, बाल विवाह तथा अनमेल विवाह भी समाज में अपनी जड़े जमाए हुए हैं। जाहिर है दहेज का दंश इतना बड़ा है कि लोग या तो कन्या को जन्म नहीं देना चाहते, या फिर जल्द से जल्द किसी तरह उसे विदा कर मुक्ति पाना चाहते हैं। दहेज प्रथा के कारण ही कन्या को लक्ष्मी मानने वाले भारत में बेटी का बाप होना लाचारी का पर्याय बन गया है। इस प्रथा ने स्त्रियों की प्रगति को अवरुद्ध कर रखा है। बेटियों को उच्च शिक्षा देने के स्थान पर उनके विवाह के लिए धन जमा करना लोग ज्यादा जरूरी समझते हैं। अतः इस प्रथा को शीघ्र-अति-शीघ्र। नष्ट करना अत्यंत आवश्यक है। इसके लिए शिक्षित युवाओं को आगे आना होगा और दहेज न लेने और न देने की शपथ लेनी होगी। तभी भारत इस कुरीति 1 से मुक्त हो सकेगा।

MP Board Class 6th Hindi Solutions

MP Board Class 7th Maths Solutions Chapter 3 Data Handling Ex 3.4

MP Board Class 7th Maths Solutions Chapter 3 Data Handling Ex 3.4

Question 1.
Tell whether the following is certain to happen, impossible, can happen but not certain.
(i) You are older today than yesterday.
(ii) A tossed coin will land heads up.
(iii) A die when tossed shall land up with 8 on top.
(iv) The next traffic light seen will be green.
(v) Tomorrow will be a cloudy day.
Solution:
(i) Certain to happen
(ii) Can happen but not certain
(iii) Impossible as there are only six faces of a die marked as 1, 2, 3, 4, 5 and 6 on it.
(iv) Can happen but not certain
(v) Can happen but not certain

MP Board Class 7th Maths Solutions Chapter 3 Data Handling Ex 3.4

Question 2.
There are 6 marbles in a box with numbers from 1 to 6 marked on each of them.
(i) What is the probability of drawing a marble with number 21
(ii) What is the probability of drawing a marble with number 5?
Solution:
Probability of an event
MP Board Class 7th Maths Solutions Chapter 3 Data Handling Ex 3.4 1

(ii) Probability of drawing a marble with number 5 = \(\frac{1}{6}\).

Question 3.
A coin is flipped to decide which team starts the game. What is the probability that your team will start?
Solution:
A coin has two faces – Head and Tail. One team can opt either Head or Tail. Probability of an event
MP Board Class 7th Maths Solutions Chapter 3 Data Handling Ex 3.4 2
Probability (our team will start first) = \(\frac{1}{2}\)

MP Board Class 7th Maths Solutions Chapter 3 Data Handling Ex 3.4

MP Board Class 7th Maths Solutions

MP Board Class 7th Hindi Sugam Bharti Solutions Chapter 17 जीवन दीप

MP Board Class 7th Hindi Sugam Bharti Solutions Chapter 17 जीवन दीप

MP Board Class 7th Hindi Sugam Bharti Chapter 17 प्रश्न-अभ्यास

वस्तुनिष्ठ प्रश्न

प्रश्न 1.
(क) सही जोड़ी बनाइए
1. चित्र = (क) कारागार
2. कैदी = (ख) पतवार
3. जीवन नौका = (ग) चित्रकार
4. क्रूरता = (घ) राजा
5. विनयी = (ङ) कुसंगति
उत्तर-
1. – (ग)
2. – (क)
3. – (ख)
4. – (ङ)
5. – (घ)

प्रश्न (ख)
दिए गए शब्दों में से उपयुक्त शब्द का चयन कर रिक्त स्थानों की पूर्ति कीजिए

1. चित्र को देखकर कैदी …………. रोने लगा। (फूट-फूटकर/डरकर)
2. यात्रियों ने कहा………….. किस काम का? (लूट का माल/पराया धन)
3. रास्ते के एक किनारे पर एक …………… बैठा था। (भिखारी/साधु)
4. आदमी अपनी …………… से खुद अपनी पहचान बता देते हैं। (वाणी/शक्ल)
उत्तर-
1. फूट-फूटकर,
2. पराया धन,
3. भिखारी,
4. वाणी।

MP Board Solutions

MP Board Class 7th Hindi Sugam Bharti Chapter 17 अति लघु उत्तरीय प्रश्न

प्रश्न 2.
निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर एक-एक वाक्य में लिखिए

(क) चित्रकार का कौन-सा चित्र सबसे ज्यादा पसंद किया गया?
उत्तर-
जिस चित्र में बालक के मुख से भोलेपन, सरलता और दीनता के भाव उजागर हो रहे थे वह चित्र चित्रकार सबसे अधिक पसंद किया गया।

(ख) चित्रकार किस तलाश में कारगार गया था?
उत्तर-
चित्रकार ऐसे व्यक्ति का चित्र बनाना चाहता था जिसके मुख से धूर्तता, क्रूरता और स्वार्थ लिप्सा फूट पड़ती हो।

(ग) पहले यात्री ने अपने दोनों झोलों में क्या भरकर रखा था?
उत्तर-
पहले यात्री के आगे के झोले में बुराई तथा पीछे के झोले में अच्छाई थी।

(घ) महाराज! आपने इधर से किसी जानवर के भागने की आवाज सुनी? यह विनम्र वाणी किस व्यक्ति की थी?
उत्तर-
महाराज! आपने इधर से किसी जानवर के भागने की आवाज सुनी? वह विन्रम वाणी राजा की थी।

MP Board Class 7th Hindi Sugam Bharti Chapter 17 लघु उत्तरीय प्रश्न

प्रश्न 3.
निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर तीन से पाँच वाक्यों में लिखिए

(क) चित्रकार किस प्रकार का चित्र बनाना चाहता था?
उत्तर-
चित्रकार ऐसे व्यक्ति का चित्र बनाना चाहता था जिसके मुख से धूर्तता, क्रूरता और स्वार्थ लिप्सा फूट पड़ती हो।

(ख) अपना पहला चित्र देखकर कैदी क्यों रोने लगा?
उत्तर-
अपना पहला चित्र देखकर कैदी इसलिए रोने लगा कि मैं पहले कितना भोला था और अब यह दशा मेरी कुसंगति के कारण ही हुई है।”

(ग) तीसरे यात्री ने झोलों में रखी सामग्री के बारे में क्या स्पष्टीकरण दिया?
उत्तर-
तीसरे यात्री ने कहा कि पीछे वाले झोले में दूसरों की जो बुराइयाँ मुझे मिलती हैं, उन्हें डाल देता हूँ। उसमें नीचे मैंने बड़ा छेद बना दिया है, जिसमें से वे बुराइयाँ गिरती जाती हैं और उन्हें भूल जाता हूँ ‘इस तरह दूसरों के उपकार और उनकी अच्छाइयाँ ही मेरे सामने रहती है और मेरा जीवन उत्साह से भरा रहता है।

(घ) वाणी से आदमी की पहचान किस प्रकार होती है? पाठ के आधार पर इसका उत्तर दीजिए।
उत्तर-
साधु ने कहा-“भाई, आदमी अपनी वाणी से खुद अपनी पहचान बता देता है। जो जितना बड़ा होता है वह उतना ही उम्र और विनयी होता है और दूसरों का सम्मान करता है।”

(ङ) “यह भार मेरे लिए वैसे ही है, जैस चिड़ियों के लिए पंख।’ इस कथन में कौन सा भाव झलकता है?
उत्तर-
तीसरा यात्री कहता है कि इस पीछे वाले झोले में दूसरों की जो बुराइयाँ मुझे मिलती हैं, उन्हें डाल देता हूँ। उसमें नीचे मैंने बड़ा छेद बना दिया है, जिसमें से वे बुराइयाँ गिरती जाती हैं।

MP Board Solutions

भाषा की बात

प्रश्न 4.
नीचे दिए गए शब्दों के शुद्ध उच्चारण कीजिएविक्रय, क्रूरता, वाणी, चित्र, गुण
उत्तर-
छात्र स्वयं करें।

प्रश्न 5.
निम्नलिखित शब्दों की वर्तनी शुद्ध कीजिए-
प्रतिया, अभिपराय, आशचर्य, कुसंगति, कुटुम्बीयों, अच्छाईयां
उत्तर-
शब्द शुद्ध वर्तनी
प्रतिया = प्रतियाँ
अभिपराय = अभिप्राय
आशचर्य = आश्चर्य
कुसंगति = कुसंगति
कुटुंबीयों = कुटुंबियों
अच्छाईयाँ = अच्छाइयाँ

प्रश्न 6.
पाठ में आई लोकोक्तियों का अर्थ बताते हुए नए वाक्य बनाइए
(i) अब पछताय होत क्या, जब चिड़ियां चुग गई। खेत।
(ii) जाके पांव न फटी बिबाई, सो क्या जाने पीर पराई।
(iii) तुम डाल-डाल, हम पात-पात।
उत्तर-
(i) अब पछताय होत क्या, जब चिड़ियां चुग गईं खेत।
अर्थ-अवसर चूकने के बाद पछताने से कोई लाभ नहीं होता।
वाक्य-पूरे वर्ष तो परिश्रम नहीं किया। परीक्षा में फेल हो जाने पर अब क्यों रो रहे हो? अरे, अब पछताए होत क्या जब चिड़िया चुग गई खेत।

(ii) जाके पैर न फटी बिवाई, सो क्या जाने पीरपराई।
अर्थ-कष्ट सहन करने वाले ही दूसरों के कष्ट का अनुभव कर सकते हैं।
वाक्य-आलीशान बंगलों में रहने वाले धनाढ्य लोग गरीबों के दुखों को क्या समझे? किसी ने सही ही कहा है-जाके पैर न फटी बिवाई, सो क्या जाने पीर पराई।

(iii) तुम डाल-डाल, हम पात-पात।
अर्थ-किसी की चाल का जवाब देना।
वाक्य-तुमने क्या सोचा था, हमारे पास कोई जवाब नहीं था, तुम डाल-डाल, हम पात-पात।

प्रश्न 7.
निम्नलिखित रेखांकित शब्दों में विशेषण कौन-कौन से प्रकार है, लिखिए।
(क) पहले यात्री ने अपने झोले में अच्छाइयाँ भर रखी थी।
(ख) मुझे थोड़ा पानी पिला दो।
(ग) इस भारी थैले को अपने पास रखिए।
(घ) रास्ते के किनारे एक दुबला व्यक्ति बैठा था।
उत्तर-
1. संख्यावाचक विशेषण
2. परिमाणवाचक विशेषण
3. सार्वनामिक विशेषण
4. गुणवाचक विशेषण

कुसंगति का फल

चित्रकार ऐसे व्यक्ति का चित्र बनाना चाहता है जो भोलेपन, सरलता और दीनता के भाव लिए हो। कठिन परिश्रम के बाद उसे एक बालक मिलता है जिसमें उपर्युक्त सारे भाव थे। चित्रकार ने उसका चित्र बनाया तथा उसकी ढेरसारी प्रतियाँ बेची। देखते-ही-देखते वह धनवान बन जाता है। कुछ समय पश्चात् चित्रकार को एक क्रूर, स्वार्थी और लालची व्यक्ति का चित्र बनाने की सूझती है। तब वह जेल पहुँचता है, वहाँ उसे वैसा ही क्रूर व्यक्ति मिलता है। चित्रकार उसे बताया है कि पंद्रह वर्ष पहले उसने एक भोले बच्चे की तस्वीर बनाई थी। तब कैदी घूट-फूट कर रोने लगा। उसने चित्रकार को बताया कि वही बचपन का भोला था। उसने बताया कि गलत संगत के कारण ऐसी हालत हुई है।

MP Board Solutions

जीवन दीप संदर्भ-प्रसंग सहित व्याख्या

एक चित्रकार ऐसे ……………… नाना चाहता हूँ। (पृ. 97)

शब्दार्थ-दीनता = दुःखी; बिक्री = बेचना; मालामाल = धनी; पुष्टता = बुरा भाव, क्रूरता = निर्दयता, लिप्सा = लालच, कारागार = जेल।

संदर्भ-प्रस्तुत पंक्तियाँ हमारी पाठ्य-पुस्तक ‘सुगम-भारती (हिंदी सामान्य) भाग-7 के पाठ-17 ‘जीवन दीप’ में उद्धत ‘कुसंगति का फल’ से ली गई हैं।

प्रसंग-इमसें कुसंगति का परिणाम दिखाया गया है। व्याख्या-चित्रकार को एक भोली और दीन दिखने वाली सूरत की जरुरत होती है। मेहनत से उसे एक बालक में ये सारी छवियाँ दिख जाती हैं। वह उसका चित्र बनाकर तथा उसकी अनेक प्रतिलिपियाँ बेचकर मालामाल हो जाता है। दस-पंद्रह साल बाद चित्रकार एक ऐसे चेहरे को ढूँढता है जिसमें से धूर्तता, क्रूरता और स्वार्थ लिप्सा झलकती हो। अतंतः उसे ऐसा चेहरा एक कारागार में, एक कैदी में मिल गया। चित्रकार उसे कहता है कि वह उसका चित्र बनाना चाहता है।

विशेष-

  • भाषा का सरल रुप है।

वाणी से आदमी की पहचान

एक बार किसी राज्य में राजा, मंत्री, हवलदार और सिपाही शिकार पर निकले। रास्ते में पेड़ के नीचे एक . साधु बैठा था। सिपाही ने साधु से पूछा-अरे! ओ साधु! ‘किसी जानवर भागने की आवाज तुमने सुनी?’ साधु ने मना कर दिया। फिर हवलदार ने पूछा- “क्यों साधु, तुमने किसी जानवर के भागने की आवाज सुनी?’ साधु ने नहीं कह दिया। उसके बाद राजा के मंत्री ने साधु से पूछा-महाराज! आपने इधर से किसी जानवर की भागने की आवाज सुनी?” साधु ने हाथ जोड़ कर कहा-नहीं राजा जी, मैंने नहीं सुनी।” एक आदमी पास में खड़ा था, उसने साधु से पूछा-बिना देखे आपने कैसे पहचान लिया कि कौन हवलदार है, कौन मंत्री और कौन राजा?” साधु ने कहा-जो जितना बड़ा होता है वह उतना ही नम्र और विनयी होता है और दूसरों का सम्मान करता है।”

जीवन दीप संदर्भ-प्रसंग सहित व्याख्या

एक बार राजा……………….सम्मान करता है। (पृ. 98)

शब्दार्थ-अभिप्राय = मतलब, अर्थ;

संदर्भ-प्रस्तुत पंक्तियाँ हमारी पाठ्य-पुस्तक ‘सुगम-भरती’ (हिंदी सामान्य) भाग-7 के पाठ-17 ‘जीवन दीप’ की ‘वाणी से आदमी की पहचान’ से ली गई हैं।

प्रसंग-इसमें लोगों की वाणी से आदमी की पहचान के बारे में बताया गया है।

व्याख्या-इस बार राजा अपने मंत्री, हवलदार और सिपाही के साथ शिकार पर निकला। रास्ते में एक पेड़ के नीचे एक अंधा साधु बैठा था। सिपाही ने साधु से पूछा-अरे! ओ साधु-किसी जानवर के भागने की आवाज तुमने सुनी?’ साधु ने उसे विनम्रता से ना कह दिया। फिर हवलदार ने साधु से पूछा-“क्यों साधु, तुमने किसी जानवर के भागने की आवाज सुनी?” साधु ने कहा-“हवलदार जी, मैंने नहीं सुनी।” उसके बाद मंत्री ने पूछा- “सूरदासजी, तुमने किसी के भागने की आवाज सुनी?” साधु ने कहा-“नहीं मंत्री जी हमने नहीं सुनी।” – उसके बाद राजा ने पूछा- “महाराज! आपने इधर से किसी जानवर के भागने की आवाज सुनी?” साधु ने आदरपूर्वक ना कह दिया। पास से खड़े व्यक्ति ने साधु से कहा कि वे देखे कैसे जान गए कि कौन राजा है और कौन सिपाही? साधु से कहा-आदमी की बोली से पता चल जाता है कि जो जितना नम्र और विनयी होता है, दूसरों का उतना ही सम्मान करता है।

MP Board Solutions

अच्छाइयाँ-बुराइयाँ

एक चौराहे पर तीन यात्री मिले। तीनों के कंधे पर आगे और पीछे दो पोटली लटकी थीं। पहले यात्री की आगे की पोटली में बुराइयाँ और पीछे कुटुंबियों और उपकारी मित्रों की भलाइयाँ भरी थी। उसकी नजर सदैव आगे की झोली पर रहती थी इसलिए उसका मन कुढ़ता रहता था। दूसरे की झोली में आगे अच्छाइयाँ और पीछे बुराइयाँ थी। इसलिए वह आगे की झोली देखकर खुश होता रहता था। उसकी नजर पीछे नहीं जाती थी। तीसरे यात्री के आगे का झोला काफी भारी है, उसमें दूसरों के गुण, उपकार और भलाइयाँ थी जबकि पीछे के झोली हल्की थी और उसमें वह कहता, मेरा जीवन उत्साह से भरा रहता था।

जीवन दीप संदर्भ-प्रसंग सहित व्याख्या

एक चौराहे……………………से भरा रहता है। (पृ. 99)

शब्दार्थ- पराया = दूसरे की संपत्ति; पतवार = नाव को खेने वाली लकड़ी, जिसका एक सिरा चपटा होता है। (चप्पू)। माजरा = घटना, दृश्य, घटना क्रम, वृत्तांत।

संदर्भ-प्रस्तुत पंक्तियाँ हमारी पाठ्य-पुस्तक ‘सुगम-भारती’ (हिंदी सामान्य) भाग-7 के पाठ-17 ‘जीवन दीप’ की ‘अच्छाइयाँ-बुराइयाँ’ से ली गई हैं।

प्रसंग-इसमें अच्छाई एवं बुराई के संदर्भ में कहा गया है।

व्याख्या-तीन यात्री एक चौराहे पर मिलते है। तीनों के काव्य पर लाठी है जिसमें आगे और पीछे झोला लटक रहा है। पहले यात्री के आगे के झोले में बुराइयाँ थीं ओर पीछे अच्छाइयाँ, इसलिए मन स्वार्थी और कपटी था। दूसरे यात्री के आगे के झोले में अच्छाइयाँ और पीछे के झोले में बुराइयाँ थी, अतः उसकी नजर सदैव तीसरे यात्री का आगे का झोला भारी था तथा पीछे का झोला हल्का था, ऐसा इसलिए क्योंकि आगे के झोले में अच्छाइयाँ तथा पीछे बुराइयाँ थी, उसने बुराइयों के झोले में छेद इसीलिए उसका जीवन उत्साह से भरा रहता है।
विशेष-अच्छाइयों और बुराइयों के बारे में बताया गया है।

MP Board Class 7th Hindi Solutions

MP Board Class 7th Maths Solutions Chapter 2 Fractions and Decimals Ex 2.7

MP Board Class 7th Maths Solutions Chapter 2 Fractions and Decimals Ex 2.7

Question 1.
Find:
(i) 0.4 ÷ 2
(ii) 0.35 ÷ 5
(iii) 2.48 ÷ 4
(iv) 65.4 ÷ 6
(v) 651.2 ÷ 4
(vii) 3.96 ÷ 4
(viii) 0.80 ÷ 7
Solution:
MP Board Class 7th Maths Solutions Chapter 2 Fractions and Decimals Ex 2.7 1
MP Board Class 7th Maths Solutions Chapter 2 Fractions and Decimals Ex 2.7 2

MP Board Class 7th Maths Solutions Chapter 2 Fractions and Decimals Ex 2.7

Question 2.
Find:
(i) 4.8 ÷ 10
(ii) 52.5 ÷ 10
(iii) 0.7 ÷ 10
(iv) 33.1 ÷ 10
(v) 272.23 ÷ 10
(vi) 0.56 ÷ 10
(vii) 3.97 ÷ 10
Solution:
We know that when a decimal number is divided by a multiple of 10 (i.e., 10,100,1000, etc.), the decimal point will be shifted to the left by as many places as there are zeros.
(i) 4.8 ÷ 10 = 0.48
(ii) 52.5 ÷ 10 = 5.25
(iii) 0.7 ÷ 10 = 0.07
(iv) 33.1 ÷ 10 = 3.31
(v) 272.23 ÷ 10 = 27.223
(vi) 0.56 ÷ 10 = 0.056
(vii) 3.97 ÷10 = 0.397

MP Board Class 7th Maths Solutions Chapter 2 Fractions and Decimals Ex 2.7

Question 3.
Find:
(i) 2.7 ÷ 100
(ii) 0.3 ÷ 100
(iii) 0.78 ÷ 100
(iv) 432.6 ÷ 100
(v) 23.6 ÷ 100
(vi) 98.53 ÷ 100
Solution:
We know that when a decimal number is divided by a multiple of 10 (i.e., 10, 100, 1000, etc.), the decimal point will be shifted to the left by as many places as there are zeros.
(i) 2.7 ÷ 100 = 0.027
(ii) 0.3 ÷ 100 = 0.003
(iii) 0.78 ÷ 100 = 0.0078
(iv) 432.6 ÷ 100 = 4.326
(v) 23.6 ÷ 100 = 0.236
(vi) 98.53 ÷ 100 = 0.9853

MP Board Class 7th Maths Solutions Chapter 2 Fractions and Decimals Ex 2.7

Question 4.
Find:
(i) 7.9 ÷ 1000
(ii) 26.3 ÷ 1000
(iii) 38.53 ÷ 1000
(v) 0.5 ÷ 1000
Solution:
We know that when a decimal number is divided by a multiple of 10 (i.e., 10, 100, 1000, etc.), the decimal point will be shifted to the left by as many places as there are zeros.
(i) 7.9 ÷ 1000 = 0.0079
(ii) 26.3 ÷ 1000 = 0.0263
(iii) 38.53 ÷ 1000 = 0.03853
(iv) 128.9 ÷ 1000 = 0.1289
(v) 0.5 ÷ 1000 = 0.0005

Question 5.
Find:
(i) 7 ÷ 3.5
(ii) 36 ÷ 2
(iii) 3.25 ÷ 0.5
(iv) 30.94 ÷ 0.7
(v) 0.5 ÷ 0.25
(vi) 7.75 ÷ 0.25
(vii) 76.5 ÷ 0.15
(viii) 37.8 ÷ 1.4
(ix) 2.73 ÷ 1.3
Solution:
MP Board Class 7th Maths Solutions Chapter 2 Fractions and Decimals Ex 2.7 3
MP Board Class 7th Maths Solutions Chapter 2 Fractions and Decimals Ex 2.7 4

Question 6.
A vehicle covers a distance of 43.2 km in 2.4 litres of petrol How much distance wilt it cover in one litre of petrol?
Solution:
Distance covered in 2.4 Litres of petrol = 43.2 km
∴ Distance covered in 1 litre of petrol = (43.2 ÷ 2.4) km
MP Board Class 7th Maths Solutions Chapter 2 Fractions and Decimals Ex 2.7 5

MP Board Class 7th Maths Solutions Chapter 2 Fractions and Decimals Ex 2.7

MP Board Class 7th Maths Solutions

MP Board Class 7th Hindi Sugam Bharti Solutions Chapter 18 कलाकार का मान

MP Board Class 7th Hindi Sugam Bharti Solutions Chapter 18 कलाकार का मान

MP Board Class 7th Hindi Sugam Bharti Chapter 18 प्रश्न-अभ्यास

वस्तुनिष्ठ प्रश्न

प्रश्न 1.
(क) सही जोड़ी बनाइए
1. संगीत – (क) कलाकार
2. साधु , – (ख) राजा
3. राज्य – (ग) संगीतज्ञ
4. कला – (घ) महात्मा
उत्तर-
1. – (ग)
2. – (घ)
3. – (ख)
4. – (क)

प्रश्न (ख)
दिए गए शब्दों में से उपयुक्त शब्द चुनकर रिक्त स्थानों की पूर्ति कीजिए
1. राजा ने अपने को साधु ……………………….. को बुलाने भेजा। (अनुचरों/मंत्रियों)
2. वह संगीत तो ……………………….. संयोग से बन पड़ता है। (सदैव/कभी-कभी)
3. राजा का ……………………….. शांत हो चुका था। (क्रोध/न्याय)
4. साधु की ……………………….. पर पहुँचते-पहुँचते राजा को रात हो गई। (कुटिया/झोपड़ी)
उत्तर-
1. अनुचरों,
2. कभी-कभी,
3. क्रोध,
4. झोपड़ी।

MP Board Solutions

MP Board Class 7th Hindi Sugam Bharti Chapter 18 अति लघु उत्तरीय प्रश्न

प्रश्न 2.
निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर एक-एक वाक्य में लिखिए

(क) संगीतज्ञ कौन था?
उत्तर-
संगीतज्ञ राजा के दरबार का राज संगीतज्ञ था।।

(ख) याचक और दाता किसे कहा गया है?
उत्तर-
याचक राजा को तथा दाता साधु को कहा गया है।

(ग) स्वर्ग का गंधर्व किसे बताया गया है?
उत्तर-
साधु को स्वर्ग का गंधर्व बताया गया है।

(घ) संगीतज्ञ ने राजा को कहाँ बैठाया था?
उत्तर-
संगीतज्ञ ने राजा को झोपड़ी के बाहर चबूतरे पर बिठा दिया।

(ङ) संगीतज्ञ ने साधु से क्या निवेदन किया?
उत्तर-
संगीतज्ञ ने साधु से निवेदन किया कि महाराज, इस राग को आप ही गावें तो आपकी बड़ी कृपा हो।’

MP Board Solutions

MP Board Class 7th Hindi Sugam Bharti Chapter 18 लघु उत्तरीय प्रश्न

प्रश्न 3.
निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर तीन वाक्यों में लिखिए

(क) राजा ने साधु के पास कौन-सा संदेश भिजवाया?
उत्तर-
राजा ने साधु के पास संदेश भिजवाया “आपका सौभाग्य है महात्माजी, जो आपकी संगीत सुनने की राजा ने इच्छा प्रकट की है। यदि आपका संगीत पसंद आ गया तो आपको मुँह-माँगी रकम मिल जाएगी। महाराज – निहाल कर देंगे आपको!”

(ख) संयोग और प्रयत्न से पैदा किए गए संगीत में क्या अंतर है?
उत्तर-
जिस संगीत को राजा सुनना चाहता है वह संगीत तो कभी-कभी संयोग से बन पड़ता है। प्रयत्न से पैदा किया हुआ संगीत राजा को प्रसन्न न कर सकेगा।

(ग) कलाकार की शर्त क्या थी?
उत्तर-
कलाकार की शर्त थी-“न केवल पैदल ही, बल्कि इन राजसी वस्त्रों को उतार कर भी! यदि आपने राजा बनकर संगीत सुना तो वह संगीत विशेष संगीत बन पाएगा। वह संगीत तो फिर वही संगीत रह जाएगा जो हम नित्य आपको सुनाते हैं।”

(घ) संगीतकार की किस युक्ति से साधु ने गाना शुरू किया?
उत्तर-
संगीत की युक्ति थी-संगीतज्ञ ने राजा को झोपड़ी के बाहर बने चबूतरे पर बिठा दिया और स्वयं भी उसके समीप ही बैठकर अपनी वीणा के तार मिलाने लगा और जानकर भी गलत ढंग से राग अलापना शुरू कर दिया।

(ङ) राजा ने साधु का संगीत सुनने के पश्चात् क्या प्रतिक्रिया की?
उत्तर-
‘महाराज! आपके पास बिताए इन आनंददायक क्षणों की तुलना में मेरा सारा राज्य भी तुच्छ है। मेरा अहंकार गल गया है। यों कहते ही राजा की आँखें भर आईं और अनमोल मोती साधु के पैरों पर लुढ़क पड़े।

MP Board Solutions

भाषा की बात

प्रश्न 4.
निम्नलिखित शब्दों के शुद्ध उच्चारण कीजिए सौभाग्य, विशेषता, नम्र, संपत्ति, गंधर्व, श्रापित, पृथ्वी, वीणा, अंगुलियां, प्रशंसक, श्रोता, वस्त्र, ज्योत्सना, युक्ति, सकपकाया, लुढ़क
उत्तर-
छात्र स्वयं करें।

प्रश्न 5.
निम्नलिखित शब्दों में से सही वर्तनी पर गोला लगाइए-
अनचर – अनुचर – अनुचर
इच्छा – इक्षा – ईच्छा
प्रयतन – परयत्न – प्रयत्न
विद्वान – बिद्वान – विद्धान
वाणि – बाणी – वाणी
संगीतग्य – संगीतज्ञ – संगीतग
श्राप – शराप – शाप
विवश – वीवश – विवश
उत्तर-
अनचर – अनूचर – अनुचर
इच्छा – इक्षा – ईच्छा
प्रयतन – परयत्न – प्रयत्न
बिद्वान – विद्धान – विद्वान
वाणि – बाणी – वाणी
संगीतग्य – संगीतज्ञ – संगीतग
श्राप – शराप – श्राप
विवश – वीवश – विवश

प्रश्न 6.
निम्नलिखित वाक्यों के रेखांकित शब्दों में कारक पहचान कर लिखिए।
(क) राजा संगीत सुनने के लिए बेचैन था।
(ख) राजा ने साधु को बुलाया।
(ग) मंत्री ने राजा का संदेश सुनाया।
(घ) राजा की आँखे भर आईं।
उत्तर-
(क) संबंध कारक
(ख) संप्रदान कारक
(ग) कर्ता कारक
(घ) संबंध कारक

MP Board Solutions

प्रश्न 7.
निम्नलिखित शब्दों में संधि पहचान कर लिखिए
(क) निः + धन = निर्धन ……………………………..
(ख) हिम + आलय = हिमालय ……………………………..
(ग) वाक् + ईश = वागीश ……………………………..
(घ) निः +इर्श = निष्पाप ……………………………..
(ङ) जगत् + ईश =, जगदीश ……………………………..
(च) प्रति = + एक= प्रत्येक ……………………………..
उत्तर-
(क) विसर्ग संधि
(ख) स्वर संधि
(ग) व्यंजन संधि
(घ) विसर्ग संधि
(ङ) व्यंजन संधि
(च) स्वर संधि

कलाकार का मान पाठ का परिचय

एक राज्य में एक साधु था जो महान् संगीतकार भी था। एक बार वहाँ के राजा को उस साधु के बारे में पता चला तो उसने उसका संगीत सुनने के लिए अपने अनुचर साधु के पास भेजे। जब अनुचर साधु के पास पहुँचे तो साधु ने विनयपूर्वक राजा के पास जाने से मना कर दिया। राजा यह जानकर क्रोधित हो गया। मंत्री ने राजा को समझाया कि दाता साधु है तो आप को उसके पास जाना चाहिए। राज संगीतकार ने भी इस बात की सहमति दी और साधारण वस्त्र पहनकर राजा, मंत्री आदि साधु का संगीत सुनने चल पड़े। जब साट I ने अपना संगीत सुनाना शुरू किया तो पता ही नहीं चला कि रात से सुबह कब हो गई। अंत में राजा साधु के पैरो में गिर पड़े।

MP Board Solutions

कलाकार का मान संदर्भ-प्रसंग सहित व्याख्या

1. राजा ने अपने………………बाँधकर ले आएँगे। (पृ. 102)

शब्दार्थ-अनुचर = सेवक, दास; रकम = राशि, रुपए।

संदर्भ-प्रस्तुत पंक्तियाँ हमारी पाठ्य-पुस्तक ‘सुगम-भारती’ (हिंदी सामान्य) भाग-7 के पाठ-18 ‘कलाकार का मान’ से ली गई हैं।

प्रसंग-इसमें साधु ने राजा के पास आने से मना कर दिया।

व्याख्या-राजा ने दो-तीन सेवकों को साधु को बुलाने के लिए भेजा। सेवकों ने साधु को राजा का संदेश सुनाया और निमंत्रण के लिए धन्यवाद, किंतु मैं किसी के कहने पर नहीं जाता। जब राजा को पता लगा तो वह क्रोधित हुआ और कहा कि अब मेरे सैनिक उसकी मुश्कें बंधकर लाएगें।

विशेष-

  1. भाषा सरल है।
  2. साधु निर्भिकता को दर्शाया गया है।

2. मंत्री विद्वान था …………….. आनंद लिया जाए। (पृ. 102, 103).

शब्दार्थ-निहाल = बहुत खुश; बिफर = गुस्से से चिल्लाना याचक; याचक = भिक्षुक, भीख मांगने वाला; दाता = देने वाला; संज्ञीतज्ञ = संगीत का जानकर; श्रापित = श्राप से घिरा हुआ; जीवंत = सजीव।

संदर्भ-पूर्ववत्।

प्रसंग-इसमें मंत्री राजा को साधु के पास जाने के लिए कहता है।

व्याख्या-विद्वान मंत्री ने राजा को शांत करते हुए कहा कि संगीत आपको सुनना है, याचक आप है तो आपको ही साधु के पास संगीत सुनने के लिए जाना चाहिए। राजा ने अपने राज संगीतज्ञ से इस बारे में चर्चा की तो उसने कहा कि मंत्री जी का परामर्श बिल्कुल उचित है, आपको स्वयं साधु के पास जाना चाहिए। आगे संगीतज्ञ ने साधु के बारे में बताया कि जैसे ही वीणा के तारों पर साधु की अंगुलियां फिरती हैं कि वीणा अमृत बरसाने लगती है।

विशेष-

  1. संगीतज्ञ साधु की तारीफ करता है।

MP Board Class 7th Hindi Solutions